"हिन्दु,मुस्लिम,सिख,ईसाई,
जरुरत मँदो को होगी,
पीएम गरीब कल्याण अन्न योजना PMGKAY के तहत त्यौहारी सीजन में मुफ्त राशन की भरपाई."
कोरोना महामारी के दौर में भी प्रधानमँत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में सरकार अपने दायित्वों से कभी पीछे नही हटी है।
महामारी के भयँकर प्रकोप के दौरान जब लोग लाँकडाउन के कारण घरो में बन्द रहने पर विवश थे।
रोजगार के साधनो से हाथ धो बैठे थे। परिवार का भरण पोषण दूभर हो गया था।
आमजन का भविष्य अन्धकारमय हो चला था।
तब से नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में सरकार ने खाद्य व चिकित्सा का बीड़ा उठा रखा है।
जहाँ एक तरफ अस्सी करोड़ लोगो को PMGKAY मुफ्त खाद्यान्न पहुँचा रही थी। लाखो लोगो को मुफ्त चिकित्सा उपलब्ध करा रही थी।
तो दूसरी तरफ कोरोना के स्थाई रोकथाम हेतु वैक्शीन के विकास में जुटी हुई थी।
आज नवरात्रि की पावन बेला में कह सकता हुँ कि माँ जगत जननी के आशीर्वाद से चाईनीज Covid19 पर हद तक नियँत्रण सँभव हुआ है।
लेकिन चुनौती पूर्ण रुप से टली नही है।
हालाँकि नागरिकों में कोरोना की चुनौती के प्रति गँभीरता कम हुई है।
सँक्रमण से बचाव हेतु न्यूनतम आवश्यक परहेज से ही परहेज करने लगे है।
न मास्क है और न सैनेटाईजेशन
निर्भय उन्मुक्त हो चला है मोबिलाईजेशन.
लेकिन इसके विपरीत केन्द्र की नरेंद्र मोदी सरकार Covid19 के प्रति सतर्क और सँवेदनशील है।
मोदी सरकार की सँवेदनशीलता ही है, जो पिछले दिनो जरूरतमँदों को खाद्य सुरक्षा प्रदान करने की प्रतिबद्धता को पुन: से दोहराया है।
देश की जरूरत मँद जनता की अपेक्षा के अनुरूप प्रधानमँत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय मंत्रिमँडल ने प्रधानमँत्री गरीब कल्याण अन्न योजना (पीएमजीकेएवाई) के विस्तार को 3 महीने की अवधि के लिए मँजूरी दी है।
इस योजना के तहत प्रति व्यक्ति प्रति माह 5 किलोग्राम खाद्यान्न आवँटित किया जाता है। इसमें प्रत्यक्ष लाभ हस्ताँतरण (डीबीटी) के तहत शामिल हैं। )
केन्द्र सरकार आगामी तीन महीनो तक, देश भर से 80 करोड़ से अधिक गरीब लोगों को लगभग 122 लाख मीट्रिक टन खाद्यान्न वितरण करेगी।
प्रधानमँत्री नरेंद्र मोदी की सँवेदनशीलता ही कहा जाय कि उनके नेतृत्व में केन्द्र सरकार के निर्णय से प्रधानमँत्री गरीब कल्याण अन्न योजना पीएमजीकेएवाई-PMGKAY का विस्तार ऐसे समय में किया गया है कि समाज के गरीब और कमजोर वर्गों की रक्षा होगी।
PMGKAY स्कीम के वित्तीय निहितार्थ के लिए, भारत सरकार ने (चरण-VI) PMGKAY के लिए लगभग 3.45 लाख करोड़ रुपये निर्धारित किए हैं।
इस योजना के चरण-VII के लिए लगभग 44,762 करोड़ रुपये के अतिरिक्त व्यय के साथ, PMGKAY का कुल व्यय लगभग रु। सभी चरणों के लिए संयुक्त रूप से 3.91 लाख करोड़।
इसके अलावा, पीएमजीकेएवाई स्कीम चरण VII के लिए खाद्यान्न के मामले में कुल खर्च लगभग 122 एलएमटी होने की सँभावना है। चरण I-VII के लिए खाद्यान्न का कुल आबँटन लगभग 1,121 LMT है।
अब तक 25 माह से खाद्य सुरक्षा योजना निम्न प्रकार से लागू है:
चरण I और II (8 महीने): अप्रैल’20 से नवंबर’20
चरण- III से V (11 महीने): मई'21 से मार्च'22
चरण- VI (6 महीने): अप्रैल'22 से सितंबर '22
सार
प्रधानमँत्री नरेंद्र मोदी की प्राथमिकता में असहाय, गरीब जनता अव्वल है।
प्राथमिकता के अनुरूप सँवेदनशील प्रधानमँत्री के नेतृत्व में केन्द्र सरकार के निर्णय से प्रधानमँत्री गरीब कल्याण अन्न योजना पीएमजीकेएवाई-PMGKAY का विस्तार ऐसे समय में किया गया है कि समाज के 80 करोड़ से अधिक गरीब और कमजोर वर्गों की रक्षा सँभव होगी।
पीएम नरेंद्र मोदी की सोच है कि किसी गरीब का त्यौहार फीका न पड़े और वह पुरे उत्साह और उमँग से त्यौहार मना सके।
इस लिये पीएमजीकेएवाई-PMGKAY योजना को ऐसे समय पर विस्तार दिया गया है कि जब नवरात्रि, दशहरा, मिलाद-उन-नबी, दीपावली, छठ पूजा, गुरुनानक देव जयँती, क्रिसमस इत्यादि जैसे प्रमुख त्यौहार आसन्न हैं।
जरुरत मँदो को होगी,
पीएम गरीब कल्याण अन्न योजना PMGKAY के तहत त्यौहारी सीजन में मुफ्त राशन की भरपाई."
पीएमजीकेऐवाय स्कीम की पृष्ठभूमि
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| What-is-the-duration-of-PMGKAY's-extension |
महामारी के भयँकर प्रकोप के दौरान जब लोग लाँकडाउन के कारण घरो में बन्द रहने पर विवश थे।
रोजगार के साधनो से हाथ धो बैठे थे। परिवार का भरण पोषण दूभर हो गया था।
आमजन का भविष्य अन्धकारमय हो चला था।
तब से नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में सरकार ने खाद्य व चिकित्सा का बीड़ा उठा रखा है।
जहाँ एक तरफ अस्सी करोड़ लोगो को PMGKAY मुफ्त खाद्यान्न पहुँचा रही थी। लाखो लोगो को मुफ्त चिकित्सा उपलब्ध करा रही थी।
तो दूसरी तरफ कोरोना के स्थाई रोकथाम हेतु वैक्शीन के विकास में जुटी हुई थी।
आज नवरात्रि की पावन बेला में कह सकता हुँ कि माँ जगत जननी के आशीर्वाद से चाईनीज Covid19 पर हद तक नियँत्रण सँभव हुआ है।
लेकिन चुनौती पूर्ण रुप से टली नही है।
हालाँकि नागरिकों में कोरोना की चुनौती के प्रति गँभीरता कम हुई है।
सँक्रमण से बचाव हेतु न्यूनतम आवश्यक परहेज से ही परहेज करने लगे है।
न मास्क है और न सैनेटाईजेशन
निर्भय उन्मुक्त हो चला है मोबिलाईजेशन.
लेकिन इसके विपरीत केन्द्र की नरेंद्र मोदी सरकार Covid19 के प्रति सतर्क और सँवेदनशील है।
मोदी सरकार की सँवेदनशीलता ही है, जो पिछले दिनो जरूरतमँदों को खाद्य सुरक्षा प्रदान करने की प्रतिबद्धता को पुन: से दोहराया है।
देश की जरूरत मँद जनता की अपेक्षा के अनुरूप प्रधानमँत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय मंत्रिमँडल ने प्रधानमँत्री गरीब कल्याण अन्न योजना (पीएमजीकेएवाई) के विस्तार को 3 महीने की अवधि के लिए मँजूरी दी है।
PMGKAY का फूल फार्म
प्रधानमँत्री का जन-समर्थक निर्णय राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम, 2013 (एनएफएसए) के तहत कोरोना काल से कव्हर किए गए लगभग 80 करोड़ लाभार्थियों को त्तीन माह तक मुफ्त खाद्यान्न मिलेगा।इस योजना के तहत प्रति व्यक्ति प्रति माह 5 किलोग्राम खाद्यान्न आवँटित किया जाता है। इसमें प्रत्यक्ष लाभ हस्ताँतरण (डीबीटी) के तहत शामिल हैं। )
केन्द्र सरकार आगामी तीन महीनो तक, देश भर से 80 करोड़ से अधिक गरीब लोगों को लगभग 122 लाख मीट्रिक टन खाद्यान्न वितरण करेगी।
PMGKAY एक्सटेंशन
केन्द्र की नरेंद्र मोदी सरकार का प्रधानमँत्री गरीब कल्याण अन्न योजना PMGKAY और उसके विस्तार का निर्णय आम नागरिकों के लिये आपदा काल में भोजन की उपलब्धता को बनाये रखने के साथ-साथ सामाजिक- आर्थिक तौर पर कमजोर वर्गों के लिए खाद्य सुरक्षा बनाये रखने के भारत के सफल प्रयास का प्रतीक है।प्रधानमँत्री नरेंद्र मोदी की सँवेदनशीलता ही कहा जाय कि उनके नेतृत्व में केन्द्र सरकार के निर्णय से प्रधानमँत्री गरीब कल्याण अन्न योजना पीएमजीकेएवाई-PMGKAY का विस्तार ऐसे समय में किया गया है कि समाज के गरीब और कमजोर वर्गों की रक्षा होगी।
PMGKAY का एक्सटेंशन कब तक है
ऐसे समय पर जब नवरात्रि, दशहरा, मिलाद-उन-नबी, दीपावली, छठ पूजा, गुरुनानक देव जयँती, क्रिसमस इत्यादि जैसे प्रमुख त्यौहार आसन्न हैं।PMGKAY के वित्तीय निहितार्थ रुपरेखा
PMGKAY स्कीम के वित्तीय निहितार्थ के लिए, भारत सरकार ने (चरण-VI) PMGKAY के लिए लगभग 3.45 लाख करोड़ रुपये निर्धारित किए हैं।
इस योजना के चरण-VII के लिए लगभग 44,762 करोड़ रुपये के अतिरिक्त व्यय के साथ, PMGKAY का कुल व्यय लगभग रु। सभी चरणों के लिए संयुक्त रूप से 3.91 लाख करोड़।
इसके अलावा, पीएमजीकेएवाई स्कीम चरण VII के लिए खाद्यान्न के मामले में कुल खर्च लगभग 122 एलएमटी होने की सँभावना है। चरण I-VII के लिए खाद्यान्न का कुल आबँटन लगभग 1,121 LMT है।
अब तक 25 माह से खाद्य सुरक्षा योजना निम्न प्रकार से लागू है:
चरण I और II (8 महीने): अप्रैल’20 से नवंबर’20
चरण- III से V (11 महीने): मई'21 से मार्च'22
चरण- VI (6 महीने): अप्रैल'22 से सितंबर '22
सार
प्रधानमँत्री नरेंद्र मोदी की प्राथमिकता में असहाय, गरीब जनता अव्वल है।
प्राथमिकता के अनुरूप सँवेदनशील प्रधानमँत्री के नेतृत्व में केन्द्र सरकार के निर्णय से प्रधानमँत्री गरीब कल्याण अन्न योजना पीएमजीकेएवाई-PMGKAY का विस्तार ऐसे समय में किया गया है कि समाज के 80 करोड़ से अधिक गरीब और कमजोर वर्गों की रक्षा सँभव होगी।
पीएम नरेंद्र मोदी की सोच है कि किसी गरीब का त्यौहार फीका न पड़े और वह पुरे उत्साह और उमँग से त्यौहार मना सके।
इस लिये पीएमजीकेएवाई-PMGKAY योजना को ऐसे समय पर विस्तार दिया गया है कि जब नवरात्रि, दशहरा, मिलाद-उन-नबी, दीपावली, छठ पूजा, गुरुनानक देव जयँती, क्रिसमस इत्यादि जैसे प्रमुख त्यौहार आसन्न हैं।


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